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विशेष अदालत ने 19 सितंबर तक बढ़ाई संजय राउत की न्यायिक हिरासत

 मुंबई (छत्तीसगढ़ दर्पण)। धन शोधन निवारण अधिनियम (पीएमएलए) की एक विशेष अदालत ने पात्रा चॉल भूमि घोटाला मामले में शिवसेना सांसद संजय राउत की न्यायिक हिरासत 19 सितंबर तक बढ़ा दी है। प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने राउत को 1 अगस्त को मनी लॉन्ड्रिंग के सिलसिले में गिरफ्तार किया था। राउत आठ दिनों के लिए ईडी की हिरासत में थे, जब उन्हें 9 अगस्त को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया था, जब ईडी ने कहा था कि उनकी और हिरासत में पूछताछ की आवश्यकता नहीं है।

शिवसेना नेता संजय राउत पात्रा चाल जमीन घोटाले से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में फंसे हैं। पात्रा चॉल लैंड स्कैम की शुरूआत 2007 से हुई। आरोप है कि महाराष्ट्र हाउसिंग एंड डेवलपमेंट अथॉरिटी यानी MHADA के साथ प्रवीण राउत, गुरु आशीष कंस्ट्रक्शन और हाउसिंग डेवलपमेंट एंड इन्फ्रास्ट्रक्चर लिमिटेड की मिलीभगत से घोटाले को अंजाम दिया गया। म्हाडा ने पात्रा चॉल के रिडेवलपमेंट का कार्य गुरु आशीष कंस्ट्रक्शन कंपनी को दिया था. इसमें 1034 करोड़ के घोटाले का आरोप है। संजय राउत के दोस्त प्रवीण राउत इस मामले में आरोपी हैं। कंस्ट्रक्शन कंपनी पर चाल के लोगों के साथ धोखाधड़ी का आरोप लगाया गया है। ये कंपनी प्रवीण राउत की है। पात्रा चॉल में 3 हजार फ्लैट बनाए जाने थे। 672 फ्लैट चॉल के निवासियों को मिलने थे। प्राइवेट बिल्डरों को जमीन बेचने का आरोप है।

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पहली तिमाही में जीडीपी वृद्धि उम्मीद से कम, चिंता का कारण: सुब्बाराव

 नई दिल्ली (छत्तीसगढ़ दर्पण)।  भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) के पूर्व गवर्नर डी सुब्बाराव ने रविवार को कहा कि चालू वित्त वर्ष की पहली तिमाही में वृद्धि दर उम्मीद से कम रही है, जो निराशा और चिंता का कारण है। चालू वित्त वर्ष 2022-23 की अप्रैल-जून तिमाही में भारत के सकल घरेलू उत्पाद की वृद्धि दर 13.5 प्रतिशत रही है। इससे पिछले वित्त वर्ष की समान तिमाही में अर्थव्यवस्था कोविड-19 महामारी की वजह से बुरी तरह प्रभावित रही थी।

सुब्बाराव ने कहा कि अप्रैल-जून तिमाही में उन्हें वृद्धि दर के 13.5 प्रतिशत से अधिक रहने का अनुमान था। उन्होंने बातचीत में कहा, अर्थव्यवस्था ने चालू वित्त वर्ष की पहली तिमाही में 13.5 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की, जो किसी अन्य परिस्थिति में बहुत खुशी की बात होती। इसके साथ ही उन्होंने कहा, मौजूदा हालात में यह निराशा और चिंता का कारण बन गया है।’’ उन्होंने कहा कि इस तिमाही में बड़ी छलांग की उम्मीद थी।

सुब्बाराव ने कहा कि पहली तिमाही में सकल घरेलू उत्पाद की यह वृद्धि दर चिंता का कारण बन गई है क्योंकि प्रमुख संकेतकों के विपरीत, वास्तविक वृद्धि दर कम रही है। इससे आगे की तिमाहियों में वृद्धि दर में और गिरावट की आशंका भी पैदा होती है। आरबीआई के पूर्व गवर्नर ने कहा, यह निराशाजनक है क्योंकि पिछले साल की पहली तिमाही के महामारी के डेल्टा लहर के कारण बुरी तरह प्रभावित रहने से इस साल की पहली तिमाही में अर्थव्यवस्था के जोरदार वापसी की उम्मीद थी।

उन्होंने कहा कि अल्पावधि में देश में वृद्धि पूर्वानुमान उच्च जिंस कीमतों, वैश्विक मंदी की आशंका, आरबीआई द्वारा मौद्रिक सख्ती और एक असमान मानसून से प्रभावित हो सकते हैं। असमान मानसून से फसल उत्पादन, विशेष रूप से चावल का उत्पादन प्रभावित हो सकता है। आरबीआई ने अप्रैल-जून 2022 तिमाही में जीडीपी वृद्धि दर 16.2 प्रतिशत रहने का अनुमान जताया हुआ था। वहीं समूचे वित्त वर्ष के लिए उसने 7.2 फीसदी की वृद्धि का अनुमान जताया है।

 
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विश्व का छठा देश बना भारत...

 नई दिल्ली (छत्तीसगढ़ दर्पण)। भारत के हर नागरिक को आज अपने भारतीय होने पर गर्व महसूस हो रहा होगा, क्योंकि देश आज आईएनएस विक्रांत बनाने के बाद विश्व का छठा देश बन गया है, जिनेक पास स्वयं का एयरक्राफ्ट कैरियर बनाने की क्षमता है। 

मिली जानकारी के मुताबिक, INS विक्रांत के आने से हिंद महासागर में भारत की ताकत और बढ़ गई है। अमेरिका, यूके, रूस, चीन और फ्रांस के बाद भारत भी अब उन देशों की लिस्ट में शामिल हो गया है, जिनमें स्वदेशी तकनीक से एयरक्राफ्ट कैरियर को बनाने की क्षमता है 

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साइरस मिस्त्री का निधन, सड़क हादसे में गई जान

 मुंबई (छत्तीसगढ़ दर्पण)। टाटा ग्रुप के पूर्व चेयरमैन और उद्योगपति साइरस मिस्त्री का निधन हो गया है। एक सड़क हादसे के चलते उनका निधन हुआ है। मुंबई के पास पालघर में यह सड़क हादसा हुआ है। दुर्घटना के बाद मिस्त्री को अस्पताल ले जाया गया, जहां उन्हें मृत घोषित कर दिया गया। एक पुलिस अधिकारी ने कहा कि टाटा संस के पूर्व अध्यक्ष साइरस मिस्त्री की रविवार को एक सड़क दुर्घटना में मौत हो गई, जब उनकी कार महाराष्ट्र के पालघर जिले में एक डिवाइडर से टकरा गई। 

उन्होंने बताया कि हादसा दोपहर करीब 3.15 बजे हुआ जब मिस्त्री मर्सिडीज कार में अहमदाबाद से मुंबई जा रहे थे। घटना सूर्या नदी पर बने पुल की है। कार चालक समेत उनके साथ यात्रा कर रहे अन्य दो लोग घायल हो गए। सभी घायलों को गुजरात के एक अस्पताल में भर्ती कराया गया है। 

 

बता दें कि 2012 में रतन टाटा के इस्तीफे के बाद साइरस मिस्त्री को टाटा सन्स का चैयरमैन पद सौंपा गया था। हालांकि 4 साल के भीतर ही उन्हें इस पद से हटा दिया गया। 

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भारत को छोटे और सीमांत किसानों के लिए मशीनरी और तकनीकों की जरूरत: शोभा करंदलाजे

 नई दिल्ली (छत्तीसगढ़ दर्पण)। केंद्रीय कृषि और किसान कल्याण राज्य मंत्री सुश्री शोभा करंदलाजे ने 7वीं अंतरराष्ट्रीय ईआईएमए एग्रीमैक इंडिया- 2022 प्रदर्शनी और सम्मेलन को संबोधित किया। अपने संबोधन में उन्होंने कहा, भारत के एक खाद्य अधिशेष (सरप्लस) देश बनने के साथ भारतीय किसानों को अपने उत्पादन के विस्तार व निर्यात क्षमता वाले मूल्यवर्धित उत्पादों के लिए सस्ती मशीनरी और तकनीकों की जरूरत है।  सुश्री शोभा करंदलाजे के साथ कर्नाटक के बृहद् व मध्यम उद्योग मंत्री श्री मुरुगेश आर निरानी और बागवानी, योजना व सांख्यिकी मंत्री श्री मुनिरत्न ने बेंगलुरू में तीन दिवसीय सम्मेलन सह प्रदर्शनी का उद्घाटन किया।

इस अवसर पर राज्य मंत्री करंदलाजे ने उपकरण निर्माताओं और तकनीक डेवलपर्स को कृषि व बागवानी उत्पादों की मूल्य वृद्धि के अभाव में बड़े पैमाने पर इसके बर्बादी को रोकने के लिए खाद्य प्रसंस्करण मशीनरी का निर्माण करने को लेकर प्रोत्साहित किया। उन्होंने कहा कि खाद्यान्न की बर्बादी करने की जगह सीमित खाद्य उत्पादन वाले देशों को इसका निर्यात किया जा सकता है। सुश्री करंदलाजे ने कहा, देश को अब जिस चीज की जरूरत है, वह सस्ती व गुणवत्तापूर्ण खाद्य प्रसंस्करण, कृषि- विपणन और कृषि- निर्यात हैं। उन्‍होंने रेखांकित किया कि साल 2023 अंतरराष्ट्रीय बाजरा वर्ष होने के साथ भारत इसके निर्यात में बढ़ोतरी कर सकता है, क्योंकि देश बाजरा के प्रमुख उत्पादकों में से एक है।

 

 

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हल्ला बोल : बेरोजगारी, महंगाई के खिलाफ लड़ रही कांग्रेस पार्टी-राहुल गांधी : भूपेश बघेल

 नई दिल्ली (छत्तीसगढ़ दर्पण)। कांग्रेस ने आज दिल्ली के रामलीला मैदान में महंगाई पर ‘हल्ला बोल’ रैली बुलाई है। इसमें देशभर से कांग्रेस कार्यकर्ता पहुंचे हैं। इस दौरान छत्तीसगढ़ के सीएम भूपेश ने दिल्ली के रामलीला मैदान से केंद्र सरकार पर जमकर बरसे। इस दौरान मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कहा कि मोदी सरकार और बेरोजगारी, महंगाई के खिलाफ कांग्रेस पार्टी और राहुल गांधी लड़ रहे हैं। उनके साथ कांग्रेसी लड़ रहे हैं। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी ने रामलीला मैदान में उन्होंने जब-जब हुंकार भरा है। तब तब मोदी सरकार को पीछे हटना पड़ा है।

सीएम बघेल ने कहा कि कहा कि मोदी सरकार ने किसानों के लिए तीन काले कानून लाया था, UPA सरकार में मुआवजे का प्रकरण लाया था, तीन बार अध्यादेश लाकर वापस लेना पड़ा। बघेल ने बताया कि राहुल गांधी ने कहा ये तीन काले कानून हैं। इन्हें वापस करना करना पड़ेगा। केंद्र की मोदी सरकार ने एक साल के भीतर काले कानूनों को वापस लिया। इसी तरह राहुल गांधी ने फिर हुंकार भरा है। अब मोदी सरकार को बेरोजगारी और महंगाई को रोकने पर बाध्य होना पड़ेगा।

 

सीएम भूपेश बघेल ने मोदी सरकार पर जमकर हमला बोला। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी लगातार किसानों, गरीबों और मजदूरों और गरीबों की बात करते हैं। सत्ता में बैठे लोग महंगाई दूर नहीं कर रहे हैं। सत्तारूढ़ नेता राहुल गांधी को रोकने के लिए लड़ते हैं। 

सीएम बघेल ने कहा कि गरीबों को फ्री में राशन देंगे तो रेवाड़ी है। सत्ता में बैठे ये लोग इसे रेवड़ी कहते हैं, लेकिन वह बड़े बिजनेसमैन का कर्ज माफ कर देता है और उसे रबड़ी दे देता है। हम कड़ी मेहनत का सम्मान करते हैं और ये लोग कड़ी मेहनत का अनादर करते हैं। महंगाई बढ़ रही है और कांग्रेस इसके खिलाफ लड़ाई लड़ रही है।

 

इस दौरान पश्चिम बंगाल के कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने महंगाई का अलग तरह से विरोध किया है। कार्यकर्ताओं को सब्जियों की माला पहने देखा गया। लोकसभा में कांग्रेस पार्टी के नेता अधीर रंजन चौधरी महंगाई के खिलाफ दिल्ली के बंगा भवन से रामलीला मैदान तक मार्च निकाले। इस दौरान उनके साथ कांग्रेस के कई नेता मौजूद रहे। कांग्रेस महासचिव और पूर्व केंद्रीय मंत्री जयराम रमेश ने कहा कि मोदी ने महंगाई को संकट में डाल दिया है।

 

उन्होंने ट्वीट कर लिखा कि महामारी के बाद लोगों को राहत मिलनी चाहिए थी, लेकिन मोदी ने जो महंगाई बनाई है वह आपदा लेकर आई है। इसलिए आज कांग्रेस पार्टी दिल्ली के रामलीला मैदान में महंगाई पर रैली करने जा रही है। आओ मिलकर महंगाई के खिलाफ आवाज उठाएं।

इससे पहले दिल्ली पुलिस ने अपने आधिकारिक ट्विटर हैंडल पर ट्रैफिक एडवाइजरी जारी की है, जिसमें यात्रियों को रविवार को सड़क बंद होने की जानकारी दी गई है। पुलिस के अनुसार रैली स्थल पर स्थानीय पुलिस के साथ अर्धसैनिक बलों को तैनात किया गया है। मैदान के प्रवेश बिंदुओं पर मेटल डिटेक्टर भी लगाए गए हैं।

‘हल्ला बोल’ रैली के जरिए कांग्रेस देश में महंगाई के खिलाफ एकजुटता दिखाते हुए केंद्र पर हमला करने की तैयारी कर रही है। आपको बता दें कि पहले यह रैली 28 अगस्त को राष्ट्रीय राजधानी में होनी थी। लेकिन, कोरोना के बढ़ते मामलों को देखते हुए इसे 4 सितंबर को आयोजित करने का निर्णय लिया गया।

 

कांग्रेस नेताओं ने इस सप्ताह की शुरुआत में देश भर के 22 शहरों में प्रेस कॉन्फ्रेंस की और 4 सितंबर को रामलीला मैदान में अपनी ‘दिल्ली पर हल्ला बोल रैली’ के लिए ‘दिल्ली चलो’ का आह्वान किया। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता रैली को संबोधित करेंगे। राहुल गांधी ने फेसबुक पोस्ट में कहा- आज देश के सामने सबसे बड़ी समस्या बेरोजगारी, महंगाई और बढ़ती नफरत है।

 

 

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उद्योगपतियों का लाखों करोड़ों माफ करना रेवड़ी नहीं, रबड़ी है : भूपेश बघेल

 नई दिल्ली (छत्तीसगढ़ दर्पण)। काँग्रेस की महंगाई के खिलाफ दिल्ली के रामलीला मैदान में आयोजित रैली में छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने जमकर हल्ला बोला। केंद्र की भाजपा सरकार पर निशाना साधते हुये बघेल ने कहा कि सत्ता में बैठे लोग बेरोजगारी और महंगाई दूर करने के बजाए राहुल गांधी के खिलाफ लड़ाई में व्यस्त है। महंगाई के खिलाफ हल्ला बोल रैली में कॉंग्रेस नेता राहुल गांधी, कमलनाथ, राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत सहित बड़े नेता मौजूद रहे। वहीं रामलीला मैदान में देशभर से बड़ी संख्या में काँग्रेसी नेता और कार्यकर्ता जुटे रहे।  


रैली को संबोधित करते हुये मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कहा कि एक तरफ महंगाई बढ़ती जा रही है, दूसरी तरफ लोगों की आय में कमी होती जा रही है। देश में बढ़ रही महंगाई के खिलाफ काँग्रेस लड़ाई लड़ रही है।

 



उन्होंने कहा कि एक तरफ काँग्रेस नेता राहुल गांधी किसानों, गरीबों, मजदूरों के हक में आवाज उठाते हैं। वहीं, देश का दुर्भाग्य है कि सत्ता में बैठे लोग बेरोजगारी और महंगाई दूर करने के बजाए राहुल गांधी के खिलाफ लड़ाई लड़ते हैं।

 



सीएम बघेल ने कहा काँग्रेस पार्टी हमेशा गरीब, मजदूर, किसानों के हक में फैसला करती है।  किसानों का ऋण माफ करना, गरीबों का मुफ्त में इलाज को रेवड़ी कहा जाता है। उन्होंने कहा केंद्र सरकार का बड़े उद्योगपतियों के लाखों करोड़ों रुपयों का ऋण माफ करना रेवड़ी नहीं रबड़ी है। उन्होंने कहा हम मेहनत और श्रम का सम्मान करते हैं, और वे श्रम का अपमान करते हैं।

 

 

 
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पूर्व मंत्री रामवीर उपाध्याय का निधन, प्रदेश में शोक की लहर

 आगरा (छत्तीसगढ़ दर्पण)। उत्तर प्रदेश के पूर्व मंत्री व भाजपा नेता रामवीर उपाध्याय का शुक्रवार देर रात निधन हो गया। बताया जा रहा है कि वे लंबे से कैंसर से जूझ रहे थे और कल देर रात उपचार के दौरान उनका निधन हो गया। बता दें कि रामवीर उपाध्याय को हाथरस की सियासत के पर्याय के तौर पर देखा जाता था।

 मिली जानकारी के अनुसार रामवीर उपाध्याय लंबे समय से कैंसर से जूझ रहे थे। उनका उपचार लगातार चल रहा था। कल देर रात उनकी तबीयत अचानक बिगड़ गई, जिसके बाद उन्हें स्थानीय अस्पताल ले जाया गया, जहां उपचार के दौरान उनका निधन हो गया।

उनके निधन पर उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने शोक व्यक्त किया है। केशव प्रसाद मौर्य ने ट्वीट कर लिखा है कि उत्तर प्रदेश सरकार के पूर्व मंत्री श्री रामवीर उपाध्याय जी के आकस्मिक निधन का समाचार अत्यंत दुःखद है। ईश्वर उनकी आत्मा को अपने श्रीचरणों में स्थान दें तथा शोक संतृप्त परिवार एवं समर्थकों को इस असीम दुःख को सहन करने की शक्ति प्रदान करें। ॐ शांति

64 वर्षीय रामवीर उपाध्याय की गिनती कद्दावर नेताओं में होती थी। वे उत्तर प्रदेश की मायावती सरकार के कैबिनेट मंत्री भी रहे थे। हालांकि बाद में उन्होंने भाजपा का दामन थाम लिया था। वे लगभग 25 साल तक हाथरस की अलग-अलग सीटों से विधायक चुने गए थे। रामवीर उपाध्याय की पत्नी सीमा उपाध्याय जिला पंचायत हाथरस की अध्यक्ष हैं। वे अपने पीछे एक बेटा और दो बेटियां छोड़ गए हैं। रामवीर उपाध्याय के भाई रामेश्वर ब्लॉक प्रमुख हैं। उनके एक और भाई मुकुल उपाध्याय पूर्व विधायक हैं।

प्रदेश के पूर्व ऊर्जा मंत्री रामवीर उपाध्याय बसपा की सरकार में चिकित्सा शिक्षा और परिवहन मंत्री भी रहे थे। उनका आगरा से गहरा जुड़ाव रहा। ब्राह्मण समाज में उनकी खासी पकड़ थी। वर्ष 2009 में उन्होंने पत्नी सीमा उपाध्याय को आगरा की फतेहपुरसीकरी लोकसभा सीट से चुनाव मैदान में उतारा। वह राजबब्बर को हराकर चुनाव जीती थीं।

मूलरूप से सादाबाद निवासी रामवीर उपाध्याय ने बसपा सरकार के दौरान ही आगरा को अपनी कर्मभूमि बना लिया था। उन्होंने शास्त्रीपुरम में आवास बनवाया। बसपा के कद्दावर नेता रहे रामवीर उपाध्याय का पार्टी से वर्ष 2019 के लोकसभा चुनाव के दौरान मोहभंग हो गया था। उनकी पत्नी सीमा उपाध्याय और भाई मुकुल उपाध्याय पहले ही भाजपा का दामन थाम चुके थे। विधानसभा चुनाव से पहले उनके पुत्र चिराग भी आगरा में ही भाजपा में शामिल हो गए। हाल के विधानसभा चुनाव में भाजपा ने उन्हें सादाबाद से चुनाव मैदान में उतारा था, लेकिन वह जीत नहीं सके।

आगरा समेत आसपास के जिलों में ब्राह्मण समाज के साथ ही सर्वसमाज में उनकी गहरी पैठ थी। यही कारण था कि भाजपा ने उन्हें न केवल पार्टी में शामिल किया बल्कि विधानसभा चुनाव में भी उतारा था। उनके निधन से जिले में शोक की लहर दौड़ गई।

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उल्फा के 16 ठिकानों पर एनआईए का छापा, हथियार व गोला-बारूद बरामद

 गुवाहाटी (छत्तीसगढ़ दर्पण)। राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने असम में उग्रवादी संगठन उल्फा (ULFA)के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। जानकारी के अनुसार एनआईए ने उल्फा के 16 स्थानों पर तलाशी ली। इस दौरान दौरान डिजिटल उपकरण और गोला बारूद सहित कई आपत्तिजनक दस्तावेज बरामद हुए।


जानकारी के अनुसार एनआईए ने असम के 7 जिलों में यूनाइटेड लिबरेशन फ्रंट आफ असम (उल्फा) की गतिविधियों और युवाओं की भर्ती से जुड़े मामलों में कई ठिकानों पर तलाशी अभियान चलाया। जानकारी के अनुसार, एनआईए ने उल्फा के 16 स्थानों पर तलाशी ली। इस दौरान दौरान डिजिटल उपकरण और गोला बारूद सहित कई आपत्तिजनक दस्तावेज बरामद हुए।

एनआईए ने शुक्रवार को बताया कि उल्फा भर्ती मामले में असम में कई स्थानों पर तलाशी ली गई है। एजेंसी ने कामरूप, नलबाड़ी, डिब्रूगढ़, तिनसुकिया, सादिया, चराईदेव और शिवसागर सहित असम के 7 जिलों में 16 स्थानों पर तलाशी ली। उन्होंने कहा कि ये तलाशी अभियान उल्फा की गतिविधियों से संबंधित है, जिसमें उल्फा में युवाओं की भर्ती, संगठन को मजबूत करने के लिए धन की जबरन वसूली और गैरकानूनी गतिविधियों के लिए युवाओं को कट्टरपंथी बनाना और म्यांमार में भारत-म्यांमार सीमा पर स्थित शिविरों में उनका प्रशिक्षण शामिल है।

बता दें कि एनआईए ने इस मामले में स्वतः संज्ञान लिया है और मामला दर्ज किया है। जांच एजेंसी ने कहा कि तलाशी के दौरान डिजिटल उपकरण, गोला बारूद के साथ-साथ आपत्तिजनक दस्तावेज और उल्फा से संबंधित साहित्य जब्त किया गया है। उन्होंने कहा कि मामले में आगे की जांच जारी है।

 

 

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ट्रक ने डबल डेकर बस को मारी टक्कर, 4 की मौत, 14 घायल

 बाराबंकी (छत्तीसगढ़ दर्पण)। यूपी के बाराबंकी जिले में शनिवार तड़के बड़ा सड़क हादसा हुआ है। हादसे में चार लोगों की मौत हो गई, जबकि 14 से ज्यादा लोग घायल हो गए। घायलों को अस्पताल में भर्ती कराया गया है। घायलों में से चार लोगों की हालत गंभीर देखते हुए उन्हें लखनऊ ट्रामा सेंटर रेफर कर दिया गया है। मौके पर पहुंची पुलिस ने शवों को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी है।

जानकारी के अनुसार, बाराबंकी में बहराइच हाईवे पर शनिवार तड़के यह भीषण सड़क हादसा हुआ। हाईवे पर खड़ी डबल डेकर बस में तेज रफ्तार ट्रक ने पीछे से जोरदार टक्कर मार दी। हादसे में चार लोगों की दर्दनाक मौत हो गई, जबकि 14 यात्री गंभीर रूप से घायल हो गए। चार की हालत नाजुक होने पर जिला अस्पताल से लखनऊ केजीएमयू ट्रॉमा सेंटर के लिए रेफर कर दिया गया है। बाकी 10 यात्रियों का जिला अस्पताल में इलाज चल रहा है।

यह हादसा रामनगर थाना क्षेत्र के महंगूपुर गांव के पास हुआ। पुलिस के मुताबिक, शनिवार तड़के करीब 3:30 बजे एक डबल डेकर बस रुपईडीहा से गोवा जा रही थी। बस में 60 यात्री सवार थे। बस जब महंगूपुर गांव के पास पहुंची तो उसका टायर पंचर हो गया। बस चालक ने हाईवे के किनारे बस रोककर स्टेपनी बदलने लगा।

इस दौरान पीछे से आए तेज रफ्तार ट्रक ने जोरदार टक्कर मार दी। बस में सवार 18 यात्री गंभीर रूप से घायल हो गए। हाईवे पर हादसे की आवाज सुनकर ग्रामीण दौड़ कर मौके पर पहुंचे और राहत बचाव कार्य शुरू किया। हादसे में घायल 18 यात्रियों को बाहर निकाल कर जिला अस्पताल भेजा गया।

वहां डॉक्टरों ने चार यात्रियों को मृत घोषित कर दिया। जबकि चार को गंभीर हालत में ट्रामा सेंटर रेफर किया गया है। अन्य यात्रियों का जिला अस्पताल में इलाज चल रहा है। एएसपी नॉर्थ पूणेंदु सिंह ने बताया कि सभी यात्री मजदूर वर्ग के हैं। शवों को पंचनामे के बाद पोस्टमार्टम के लिए भेजकर विधिक कार्रवाई की जा रही है। बाकी के यात्रियों को दूसरी बस से घर वापस भेजा जा रहा है।

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न्यायमूर्ति डी वाई चंद्रचूड़ को राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण के कार्यकारी अध्यक्ष मनोनीत

 नई दिल्ली (छत्तीसगढ़ दर्पण)। उच्‍चतम न्‍यायालय के वरिष्ठ न्यायाधीश न्यायमूर्ति डी वाई चंद्रचूड़ को राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण के कार्यकारी अध्यक्ष मनोनीत किया गया है। विधि और न्याय मंत्री किरेन रिजिजू ने ट्वीट संदेश में न्यायमूर्ति डी वाई चंद्रचूड़ को शुभकामनाएं दी हैं।

1959 में जन्मे न्यायमूर्ति डी वाई चंद्रचूड़ को 13 मई 2016 को उच्‍चतम न्‍यायालय में न्यायाधीश नियुक्त किया गया था। इससे पहले, वे इलाहाबाद उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश थे।

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केन्‍द्र सरकार की सभी महिला कर्मचारियों को साठ दिन का विशेष अवकाश मिलेगा

 नई दिल्ली (छत्तीसगढ़ दर्पण)। केन्‍द्र सरकार की सभी महिला कर्मचारियों को साठ दिन का विशेष अवकाश मिलेगा। यह अवकाश शिशु के जन्‍म के तुरंत बाद या प्रसव के दौरान मृत्‍यु हो जाने के मामलों में दिया जाएगा। कार्मिक और प्रशिक्षण विभाग ने इस बारे में आदेश जारी किया। कार्मिक लोक शिकायत और पेंशन मंत्रालय ने बताया कि शिशु के जन्‍म से पूर्व ही या जन्‍म के तुरंत बाद मृत्‍यु की मानसिक पीडा को ध्‍यान में रखते हुए यह निर्णय लिया गया है। मंत्रालय ने कहा कि ऐसे मामलों में माता के जीवन पर दूरगामी प्रभाव पडता है।

मंत्रालय के आदेश में कहा गया है कि शिशु के जन्‍म होने के तुरंत बाद या  28 दिन के भीतर मृत्‍यु  हो जाती है तो माता विशेष मातृत्‍व अवकाश का पात्र होगी। यदि 28 सप्‍ताह या उसके बाद शिशु की गर्भ में मृत्‍यु हो जाती है तो भी माता को यह विशेष अवकाश मिलेगा। मंत्रालय के आदेश में यह भी कहा गया है कि विशेष मातृत्‍व अवकाश केन्‍द्र सरकार की उन्‍हीं महिला कर्मचारियों को मिलेगा जिनके दो से कम जीवित बच्‍चे हैं और प्रसव किसी अधिकृत अस्‍पताल में हुआ हो।

 

 

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बैंक मैनेजर के 4 बच्चों ने एक साथ क्रैक की UPSC परीक्षा, बनें IAS और IPS ऑफिसर

 लखनऊ (छत्तीसगढ़ दर्पण)। मंजिलें उन्हीं को मिलती हैं, जिनके सपनों में जान होती है। पंख से कुछ नहीं होता जनाब, हौसलों से उड़ान होती है। ऐसे ही हौसलों की मिसाल पेश की है। उत्तर प्रदेश के प्रतापगढ़ जिले के रहने वाले मिश्रा परिवार के बच्चों ने, जहां एक या दो नहीं बल्कि चारों भाई-बहनों ने यूपीएससी की सिविल सर्विसेस की परीक्ष पास कर अपने परिवार और जिले का नाम रोशन किया है। जहां पूरे खानदान में कभी कभार कोई बच्चा यूपीएससी क्लियर करता है, वहां अनिल मिश्रा के चारों बच्चे (योगेश, माधवी, लोकेश, क्षमा) यूपीएससी क्रैक कर आईएएस और आईपीएस अधिकारी बन गए।

पिता के देखे सपने को बच्चों ने किया साकार :
उत्तर प्रदेश के प्रतापगढ़ जिलें के रहने वाले अनिल मिश्रा अपनी पत्नी के साथ दो कमरों के मकान में रहते थे। अनिल मिश्रा के दो बेटे और दो बेटियां हैं, जिनका नाम योगेश, लोकेश, माधवी और क्षमा है। मिश्रा प्रतापगढ़ के एक ग्रामीण बैंक में मैनेजर के तौर पर काम किया करते थे। उनका सपना था कि वे अपने बच्चों को सफलता के शिखर पर पहुंचते हुए देखें। यही कारण है कि उन्होंने कभी अपने बच्चों की पढ़ाई में कोई कोताही नहीं बरती। हालांकि, उनके चारों बच्चें पढ़ने में भी काफी होशियार थे। 

परिवार में बना पहला आईएएस :
अनिल मिश्रा की सबसे बड़ी औलाद और भाई-बहनों में सबसे बड़े भाई योगेश मिश्रा ने सबसे पहले यूपीएससी की तैयारी करने का फैलसा किया। योगेश ने इस परीक्षा के लिए दिन-रात कड़ी मेहनत की और साल 2013 में एग्जामिनेशन की रिजर्व लिस्ट में चुने गए। परीक्षा पास करने के बाद उन्हें आईएएस अधिकारी का पद सौंपा गया। बड़ें भाई योगेश के सिविस सर्विसेस में सेलेक्शन के बाद बहन माधवी ने यूपीएससी देने का मन बनाया और अगले ही साल 2014  में 62वीं रैंक प्राप्त कर इस सिलसिले को आगे बढ़ाया। 

छोटे भाई और बहनों ने जारी रखा अधिकारी बनने का सिलसिला : 
माधवी के साथ छोटे भाई लोकेश ने भी यूपीएससी की सिविल सर्विसेस में अपना हाथ आजमाया और साल 2014 में ही एग्जामिनेशन की रिजर्व लिस्ट में अपनी जगह बनाई। हालांकि, उन्होंने दोबारा परीक्षा देने का निर्णय लिया और पहले के मुकाबले परीक्षा के लिए और अधिक मेहनत की, जिसके परिणामस्वरूप उन्होंने अगले साल 2015 में ही यूपीएससी परीक्षा में 44वीं रैंक हासिल की और अपने परिवार की यूपीएससी क्रैक करने के नियम को आगे बढ़ाया। 

अंत में छोटी बहन भी बन गई IPS :
अब अंत में बारी आई सबसे छोटी बहन क्षमा मिश्रा की, जो अपने बड़े भाई-बहनों के नक्शे कदम पर ही चली और यूपीएससी की परीक्षा दी। बता दें कि क्षमा मिश्रा ने साल 2015 में यूपीएससी का अटेंप्ट दिया था, जिसमें उन्होंने 172वीं रैंक हासिल की थी, लेकिन उनका सिलेक्शन डिप्टी एसपी के तौर पर हुआ था। क्षमा अपनी इस रैंक से संतुष्ट नहीं थीं, जिस कारण उन्होंने यूपीएससी का एक और अटेंप्ट दिया और इस बाद उनका चयन आईपीएस ऑफिसर के लिए हो गया। इस प्रकार मिश्रा परिवार के सभी भाई-बहनों आज आईएएस और आईपीएस के पद पर रह कर देश सेवा कर रहे हैं।

 

 

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जल्द मायके से लौटेगी तुम्हारी पत्नी : तांत्रिक ने किया था वादा, नहीं हुआ पूरा, फिर...

 जाजपुर (छत्तीसगढ़ दर्पण)।ओडिशा के जाजपुर जिले में एक 40 वर्षीय व्यक्ति ने वादे के अनुरूप उसकी पत्नी को वापस लाने में विफल रहने पर एक तांत्रिक की शुक्रवार को कथित तौर पर हत्या कर दी। पुलिस ने यह जनकारी दी।

पुलिस अधिकारी ने कहा कि शांतनु बेहरा ने अपनी पत्नी को वापस लाने के लिए तांत्रिक मनिया बाबर की मदद मांगी थी, क्योंकि रिश्ते में खटास आने के बाद वह पिछले कुछ महीनों से माता-पिता के घर में अपने दो बच्चों के साथ रह रही थी। पुलिस ने कहा कि सुकिंडा थाना क्षेत्र के बांधगांव निवासी बेहरा ने तांत्रिक को 5,000 रुपये का भुगतान किया था, जिसने उससे उसकी पत्नी को वापस लाने का वादा किया था। पुलिस के अनुसार 47 वर्षीय तांत्रिक बाबर जब दोपहर में बेहरा के घर आया तो उस समय उससे कहासुनी हो गई।

पुलिस के अनुसार आरोपी ने काम पूरा न करने पर तांत्रिक से अपने पैसे वापस करने की मांग की और गुस्से में आकर बेहरा ने बाबर पर धारदार हथियार से हमला कर दिया और उसकी मौके पर ही मौत हो गई। इसके बाद उसने अपराध में प्रयुक्त हथियार के साथ पुलिस के सामने आत्मसमर्पण कर दिया।

 

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पांच तारीख को चार दिन की भारत यात्रा पर आएंगी शेख हसीना

 नई दिल्ली (छत्तीसगढ़ दर्पण)। बांग्‍लादेश की प्रधानमंत्री शेख हसीना इस महीने की पांच तारीख को चार दिन की भारत यात्रा पर आएंगी। नई दिल्‍ली में मीडिया को जानकारी देते हुए विदेश मंत्रालय के प्रवक्‍ता अर‍िंदम बागची ने बताया कि बांग्‍लादेश की प्रधानमंत्री नई दिल्‍ली में राष्‍ट्रपति द्रोपदी मुर्मू और उपराष्‍ट्रपति जगदीप धनखड़ से भेंट करेंगी।

उन्‍होंने कहा कि सुश्री हसीना प्रधानमंत्री नरेन्‍द्र मोदी के साथ आपसी बातचीत करेंगी। उनके अजमेर जाने की भी संभावना है। हाल के वर्षों में भारत और बाग्‍लादेश ने सर्वोच्‍च स्‍तर सहित उच्‍चस्‍तरीय विचार-विमर्श जारी रखा है। प्रवक्‍ता ने कहा कि प्रधानमंत्री शेख हसीना की यात्रा से दोनों देशों के ऐतिहासिक और सांस्‍कृतिक संबंधों को और बल मिलेगा तथा आपसी विश्‍वास तथा समझबूझ बढ़ेगी।

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कार ने 7 लोगों को कुचला : 6 की मौत 1 घायल...

 अहमदाबाद (छत्तीसगढ़ दर्पण)। गुजरात के अरावली जिले में स्थित अंबाजी की ओर जा रहे सात लोगों को कार ने कुचल दिया जिससे छह की मौत हो गई। एक घायल को अस्‍पताल में भर्ती करवा दिया गया है।


अधिकांश यात्री पंचमहल जिले के काकोल के रहने वाले बताये गए हैं और अंबाजी मंदिर दर्शन के लिए पैदल जा रहे थे। हादसे में कार पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई।

 
 
 

घायलों को अस्पताल में भर्ती कराया गया है। ऐसी आशंका जतायी जा रही है कि कार की स्‍पीड तेज रही होगी और अनियंत्रित होने के कारण सात लोगों को कुचलती चली गई होगी। इस मामले में अभी अधिक जानकारी की प्रतीक्षा है।

 

 

 
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छत्रपति शिवाजी महाराज से प्रेरित निशान नौसेना के ध्‍वज में लहराएगा : नरेंद्र मोदी

 कोच्चि (छत्तीसगढ़ दर्पण)। देश के आजाद होने के बाद भारतीय सेना ने ब्रिटिश औपनिवेशक झंडे और बैज का ही इस्‍तेमाल होता रहा। 26 जनवरी 1950 को ध्‍वज के पैटर्न में सिर्फ भारतीयकृत में बदला गया था। ध्‍वज में यूनियन जैक को तिरंगे से बदल दिया गया था। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नौसेना के ध्‍वज के नए निशान का अनावरण कर दिया है। इसके बाद भारतीय नौसेना को गुलामी के निशान से आखिरकार आजादी मिल गई है।

नौसेना के नए ध्‍वज से क्रास को हटा दिया गया है। साथ ही नौसैनिक क्रेस्‍ट को फिर से झंडे में शामिल किया गया है। इस पर लिखा है- शं नो वरुण:। पीएम मोदी ने इस अवसर पर कहा कि आज नौसेना ने आज गुलामी का एक निशान अपने सीने से उतार दिया है। पीएम मोदी ने इस दौरान INS विक्रांत को भारतीय नौसेना को सौंप दिया है।

पीएम मोदी ने इस अवसर पर कहा, 'भारत ने गुलामी के एक निशान को अपने सीने से उतार दिया है। आज से भारतीय नौसेना को एक नया ध्‍वज मिला है। अब तक नौसेना के ध्‍वज पर गुलामी का निशान था। अब से छत्रपति शिवाजी महाराज से प्रेरित निशान नौसेना के ध्‍वज में लहराएगा। आज में नौसेना के जनक छत्रपति शिवाजी महाराज को नया ध्‍वज समर्पित करता हूं।'

75 साल बाद भी कई चीजों में गुलामी के दिनों की छाप
पीएम मोदी ने हाल ही में 15 अगस्‍त को लाल किले की प्रचीर से कहा था कि औपनिवेशिक मानसिकता से मुक्त भारत का सपना वह देख रहे हैं। वहीं, सपना हकीकत में बदलता होता नजर आ रहा है। पीएम मोदी मोदी नए Ensign (निशान) का अनावरण कोच्चि में किया गया। भारत को आजाद हुए 75 साल हो चुके हैं, लेकिन अब भी कई चीजों में गुलामी के दिनों की छाप नजर आ जाती है। मोदी सरकार की कोशिश इसी छाप को मिटाने की है।

 


ये किया गया ध्‍वज में बदलाव
देश के आजाद होने के बाद भारतीय सेना ने ब्रिटिश औपनिवेशक झंडे और बैज का ही इस्‍तेमाल होता रहा। 26 जनवरी 1950 को ध्‍वज के पैटर्न में सिर्फ भारतीयकृत में बदला गया था। ध्‍वज में यूनियन जैक को तिरंगे से बदल दिया गया था। जार्ज क्रास को हूबहू छोड़ दिया गया था। अब इसी को बदल दिया गया है। प्रधानमंत्री जिस नए नौसेना ध्वज का अनावरण किया है उसमें झंडे के ऊपरी बाएं कोने में राष्ट्रीय ध्वज तिरंगे के साथ लगे सेंट जॉर्ज क्रॉस को हटा दिया गया है। इसके स्‍थान पर दाएं ओर मध्‍य में नौसैनिक क्रेस्‍ट को स्थान दिया गया है।

औपनिवेशिक अतीत को दर्शाता था पुराना चिन्‍ह
नौसेना के पुराने ध्वज में जार्ज क्रास का निशान औपनिवेशिक अतीत को दर्शाता था, जो भारतीय नौसेना के पूर्व-स्वतंत्रता ध्वज की अवधारणा से प्रेरित था। पुराने ध्वज के ऊपरी बाएं कोने पर यूनाइटेड किंगडम के यूनियन जैक के साथ सफेद आधार पर लाल जार्ज क्रास था, जिसे अब बदला गया है। बता दें कि देश के आजाद होने के बाद भारतीय सेना ने ब्रिटिश औपनिवेशक झंडे और बैज का ही इस्‍तेमाल होता रहा। 26 जनवरी 1950 को ध्‍वज के पैटर्न में सिर्फ भारतीयकृत में बदला गया था।

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सुरक्षा मामलों से संबंद्ध कैबिनेट समिति ने तेजस मार्क-2 परियोजना को मंजूरी दी

 नई दिल्ली (छत्तीसगढ़ दर्पण)। सुरक्षा मामलों से संबंद्ध कैबिनेट समिति ने तेजस मार्क-2 परियोजना को मंजूरी दे दी है। सी.सी.एस. ने प्रोटोटाइप्स के साथ तेजस मार्क-2 फाइटर जेट के डिजाइन और विकास, उड़ान परीक्षण और प्रमाणन के लिए साढे छह हजार करोड़ रुपये मंजूर किए हैं। यह धनराशि हिन्‍दुस्‍तान एरोनोटिक्‍स लिमिटेड को पहले दी गई दो हजार पांच सौ करोड़ रुपये की राशि से अलग है। 

हलके लड़ाकू विमान तेजस के अत्‍याधुनिक संस्‍करण में कई विशेषताएं शामिल की गई हैं जो इसकी युद्धक और मारक क्षमताओं में वृद्धि करती हैं। तेजस के दूसरे संस्‍करण में शक्तिशाली जी.ई-एफ 414 इंजन लगाया गया है जो इसकी फ्लाइट रेंज का विस्‍तार करेगा और उसे मौजूदा विमान की तुलना में अधिक पेलोड और हथियार ले जाने में सक्षम बनाएगा। तेजस मार्क-2 की पेलोड क्षमता मौजूदा विमान की तीन टन क्षमता की तुलना में चार टन होगी।

वायु सेना अध्‍यक्ष एयर चीफ मार्शल वी.आर. चौधरी ने कहा कि तेजस मार्क-2 के आने से क्षमता संबंधी एक महत्‍वपूर्ण कमी दूर होगी। उन्‍होंने कहा कि इस विमान के भारतीय वायु में समय पर शामिल किए जाने के लिए सभी हितधारकों को मिलकर काम करने की आवश्‍यकता है। वायु सेना अध्‍यक्ष ने कहा कि सरकार के इस फैसले से अगली पीढ़ी के लड़ाकू विमान के देश में डिजाइन और विकास को बढा़वा मिलेगा। उन्‍होंने कहा कि इससे विमान वि-निर्माण के क्षेत्र में आत्‍म-निर्भर भारत के तहत किए जा रहे प्रयासों को भी बल मिलेगा।

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