छत्तीसगढ़ - Newsportal | Chhattisgarh Darpan Media Group

छत्तीसगढ़

मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने आज पोरा के अवसर पर सुपोषण रथ को हरी झंडी दिखाकर किया रवाना

मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने आज यहां अपने निवास में आयोजित तीजा पोरा तिहार के अवसर पर महिला एवं बाल विकास द्वारा संचालित पोषण रथ को हरी झंडी दिखाकर रवाना  किया। यह सुपोषण रथ राज्य के विभिन्न गांवों में भ्रमण कर  लोगों को पोषण का संदेश देगा। इस अवसर पर उप मुख्यमंत्री श्री अरुण साव, वन मंत्री श्री केदार कश्यप, राजस्व मंत्री श्री टंकराम वर्मा, महिला एवं बाल विकास मंत्री श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े, सांसद बृजमोहन अग्रवाल, विधायक सर्वश्री राजेश मूणत, अनुज शर्मा, खुशवंत साहेब, सचिव महिला एवं बाल विकास श्रीमती शम्मी आबिदी, संचालक तूलिका प्रजापति और बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि एवं महिलाएं उपस्थित थी। 


इस रथ में सुपोषण पर केंद्रित फिल्मों का प्रदर्शन किया जाएगा। सुपोषण रथ के माध्यम से प्रदेश के विभिन्न जिलो में पोषण एवं स्वास्थ्य संबंधी ऑडियो, वीडियो संदेशों का प्रसारण किया जाएगा। इस अवसर पर मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने कहा कि स्वस्थ और सुपोषित छत्तीसगढ़ की अवधारणा को साकार करने के लिये हम कृत संकल्पित है। कुपोषण एवं एनीमिया जैसी चुनौतियों का सामना करने के लिये छत्तीसगढ़ शासन द्वारा गंभीर प्रयास किये जा रहें है। 52 हजार से अधिक आंगनबाडी केन्द्रों के माध्यम से गर्भवती महिलाओं, शिशुवती महिलाओं, 0 से 06 साल के बच्चें किशोरी बालिकाओं को स्वास्थ्य पोषण संबंधी सेवाओं का प्रदाय किया जा रहा है। सुपोषण के लक्ष्य को प्राप्त करने के लिये समुदाय, परिवार एवं व्यक्यिगत स्तर से सकरात्मक व्यवहार परिवर्तन भी बहुत आवश्यक है। 

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि जनसमुदाय तक स्वास्थ्य, पोषण एवं स्वच्छता संबंधी संदेशों के व्यापक प्रचार-प्रसार हेतु 01 सितम्बर से 30 सितम्बर 2024 तक पोषण माह का आयोजन किया जा रहा है, ताकि एक जन आंदोलन के रूप में सुपोषण की यात्रा में समुदाय के विभिन्न घटक सहभागी हो सके। मुख्यमंत्री ने कहा कि पोषण माह के दौरान इस वर्ष एनीमिया वृद्धि निगरानी, पूरक पोषण आहार, पोषण भी पढ़ाई भी, गुणवत्तापूर्ण सेवा प्रदाय हेतु तकनीक का प्रयोग और समग्र पोषण पर ध्यान केंदित किया जा रहा है।

मुख्यमंत्री श्री साय ने प्रदेश के जनप्रतिनिधि, पंचायती राज संस्था की प्रतिनिधि, महिला स्व-सहायता समूहों, प्रबुद्ध वर्ग, विद्यार्थी वर्ग, सर्वाजनिक एवं निजी क्षेत्रों के निकायों के प्रतिनिधियों एवं समस्त जनसमुदाय से आह्वान किया है कि पोषण माह की गतिविधियों में पूरे उत्सह और ऊर्जा के साथ सहभागी बने। छतीसगढ़ को कुपोषण एवं एनीमिया मुक्त करने का संकल्प लेते हुए स्वयं भी सही पोषण व्यवहार को अपनाये और अन्य लोगों को भी प्रेरित करें। मुख्यमंत्री ने कहा कि हम सभी के सम्मिलित प्रयासों से मजबूत छत्तीसगढ़ की नींव रखी जायेगी, हमारे प्रदेश का भविष्य संवरेगा और सुपोषित होगा।
और भी

मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने तीजा के अवसर पर दी बड़ी सौगात, 70 लाख महिलाओं को मिली महतारी वंदन योजना की सातवीं किस्त

 मुख्यमंत्री के बटन दबाते ही महिलाओं के खिले चेहरे, विष्णु भैया को दिया धन्यवाद


70 लाख महिलाओं को सीधे खाते में मिले 1-1 हजार रुपए

मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने आज प्रदेश की 70 लाख महिलाओं को तीजा के अवसर पर बड़ी सौगात दी है। उन्होंने आज मुख्यमंत्री निवास में आयोजित तीजा-पोरा महतारी वंदन तिहार के के मौके पर महतारी वंदन योजना के सातवीं किस्त की राशि के रूप में 01-01 हजार रुपए डीबीटी के माध्यम से महिलाओं के खाते में अंतरित किये। महिलाओं के चेहरे खिल उठे और उन्होंने अपने विष्णु भैया को धन्यवाद दिया।

गौरतलब है कि प्रदेश में महिलाओ के आर्थिक स्वावलंबन तथा उनके स्वास्थ्य एवं पोषण स्तर मे सतत सुधार तथा परिवार मे उनकी निर्णायक भूमिका सुदृढ़ करने हेतु, समाज मे महिलाओं के प्रति भेदभाव, असमानता एवं जागरूकता की कमी को दूर करने, स्वास्थ्य एवं पोषण स्तर मे सुधार करने तथा आर्थिक स्वावलंबन एवं सशक्तिकरण को बढ़ावा देने के उद्देश्य से “महतारी वंदन योजना” लागू किए जाने का निर्णय लिया गया। जिसके अंतर्गत राज्य की विवाहित, विधवा परित्यक्ता और तलाकशुदा जिनकी उम्र 21 वर्ष से अधिक हो ऐसी महिलाओ को प्रतिमाह 1000 रुपये की वित्तीय सहायता प्रदान की जाती है। प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी द्वारा 10 मार्च 2024 को महतारी वंदन योजना की शुरूआत की गई थी। प्रधानमंत्री श्री मोदी ने बटन दबाकर प्रथम किश्त की राशि जारी की थी।योजना के तहत पहले चरण में करीब 70 लाख से अधिक महिलाओं को लाभार्थी के तौर पर चुना गया है, जिनके बैंक खाते में योजना की 7 किश्ते ट्रांसफर कर दी गई हैं।
और भी

पारंपरिक नंदिया-बइला और खिलौनों से सुसज्जित हुआ मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय का निवास

छत्तीसगढ़ की गौरवशाली परंपरा हरेली पर्व मनाने के बाद अब विष्णु भैया का घर यानी मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय का मुख्यमंत्री निवास तीजा-पोरा के पारंपरिक गौरव की झांकी तरह सज रहा है। मुख्यमंत्री निवास को मिट्टी के खूबसूरत नंदिया बइला और रंगीन खिलौनों से सजाया जा रही है। परंपरागत वंदनवार के रंग बिखरने लगे हैं। मुख्यमंत्री निवास में मुख्यमंत्री श्री साय की पत्नी श्रीमती कौशल्या साय सजावट के साथ-साथ परंपरागत छत्तीसगढ़िया व्यंजनों के साथ ठेठरी-खुरमी बनाने की तैयारी भी करवा रही हैं। तीजा-पोरा तिहार से पहले मुख्यमंत्री श्री साय अपने निवास से ही बटन दबाकर 70 लाख महिलाओं के खाते में महतारी वंदन के एक- एक हजार रुपए भी भेजने वाले हैं।


हरेली की तरह मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के रायपुर स्थित निवास में तीजा-पोरा का तिहार 2 सितम्बर को सुबह 11 बजे से उत्साह के साथ मनाया जाएगा। इसके लिए मुख्यमंत्री निवास परिसर में छत्तीसगढ़ की परम्परा और रीति-रिवाज के अनुसार साज-सज्जा की गई हैं। इस मौके पर नांदिया-बैला की पूजा की जाएगी। तीजा महोत्सव का आयोजन होगा। तीजा-पोरा त्यौहार के लिए कार्यक्रम में बहनों को आमंत्रित किया गया है। इस तरह महिलाओं के लिए मुख्यमंत्री निवास एक दिन के लिए मायका बन जाएगा। कार्यक्रम में विशेष रूप से महतारी वंदन योजना से लाभान्वित महिलाएं, महिला स्वसहायता समूहों की महिलाए और मितानिनों सहित लगभग 3 हज़ार महिलाओं को आमंत्रित किया गया है। इस अवसर पर महिलाओं के कल्याण के लिए किए जा रहे कार्यक्रम, योजनाओं से अवगत कराने हेतु प्रदर्शनी एवं स्टॉल भी लगाया गया है। 

महिलाओं के कल्याण की प्रचलित योजना एवं कार्यक्रम हेतु संस्कृति विभाग के माध्यम से सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन भी किया जाएगा, साथ ही खेल विभाग के समन्वय से महिलाओं के लिए खेल का भी आयोजन होगा। 

इस अवसर पर प्रतिभागी महिलाओं को राष्ट्रीय पोषण माह 2024 अंतर्गत शपथ पत्र का वाचन भी कराया जाएगा।

मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय राष्ट्रीय पोषण माह 2024 के अवसर पर पोषण एवं स्वास्थ्य से संबंधित पोस्टर का विमोचन भी करेंगे। साथ ही मुख्यमंत्री श्री साय कार्यक्रम स्थल से प्रदेश में सुपोषण रथ का संचालन हेतु सुपोषण रथ को हरी झंडी दिखाकर रवाना भी दिखाएंगे।
और भी

छत्तीसगढ़ में अब तक 915.7 मि.मी. औसत वर्षा दर्ज

राज्य शासन के राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग द्वारा बनाए गए राज्य स्तरीय नियंत्रण कक्ष द्वारा संकलित जानकारी के मुताबिक एक जून 2024 से अब तक राज्य में 915.7 मिमी औसत वर्षा दर्ज की जा चुकी है। राज्य के विभिन्न जिलों में 01 जून 2024 से आज 31 अगस्त सवेरे तक रिकार्ड की गई वर्षा के अनुसार बीजापुर जिले में सर्वाधिक 1918.1 मिमी और सरगुजा जिले में सबसे कम 508.2 मिमी औसत वर्षा दर्ज की गयी है।


राज्य स्तरीय बाढ़ नियंत्रण कक्ष से प्राप्त जानकारी के अनुसार एक जून से अब तक सूरजपुर जिले में 919.0 मिमी, बलरामपुर में 1332.0 मिमी, जशपुर में 794.8 मिमी, कोरिया में 933.1 मिमी, मनेन्द्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर में 930.4 मिमी औसत वर्षा दर्ज की गयी। 

इसी प्रकार, रायपुर जिले में 746.4 मिमी, बलौदाबाजार में 951.3 मिमी, गरियाबंद में 888.2 मिमी, महासमुंद में 727.1 मिमी, धमतरी में 791.2 मिमी, बिलासपुर में 844.8 मिमी, मुंगेली में 940.9 मिमी, रायगढ़ में 892.3 मिमी, सारंगढ़-बिलाईगढ़ में 537.3 मिमी, जांजगीर-चांपा में 999.1 मिमी, सक्ती 858.2 मिमी, कोरबा में 1224.6 मिमी, गौरेला-पेण्ड्रा-मरवाही में 935.5 मिमी, दुर्ग में 545.6 मिमी औसत वर्षा दर्ज की गयी। कबीरधाम जिले में 711.0 मिमी, राजनांदगांव में 873.1 मिमी, मोहला-मानपुर-अंबागढ़चौकी में 981.8 मिमी, खैरागढ़-छुईखदान-गंडई में 645.2 मिमी, बालोद में 912.0 मिमी, बेमेतरा में  499.3 मिमी, बस्तर में 963.3 मिमी, कोण्डागांव में 871.7 मिमी, कांकेर में 1074.6 मिमी, नारायणपुर में 1021.9 मिमी, दंतेवाड़ा में 1183.4 मिमी और सुकमा जिले में 1261.6 मिमी औसत वर्षा एक जून से अब तक रिकार्ड की गई।
और भी

वाणिज्य और उद्योग मंत्री श्री लखन लाल देवांगन 01 सितम्बर को विभिन्न कार्यक्रमों में होंगे शामिल

 वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री श्री लखन लाल देवांगन 01 सितम्बर को रायपुर एवँ कोरबा में आयोजित कार्यक्रमों में शामिल होंगे। मंत्री श्री देवांगन निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार दोपहर 12 बजे से पंडित रविशंकर शुक्ल विश्वविद्यालय ऑडिटोरियम में हमर व्यापारी हमर संगवारी कार्यक्रम में शामिल होंगेे। 


मंत्री श्री देवांगन दोपहर 3 बजे कोरबा पहुंचकर और वहां शाम 6 बजे आई टी आई चौक रामपुर कोरबा में एक निजी होटल में छत्तीसगढ़ एलीगेंस एक्स्ट्रावेंजा मॉडलिंग एण्ड ब्राईडल कॉम्पीटिशन में शामिल होंगे। इसके पश्चात मंत्री श्री देवांगन शाम 7 बजे  टी पी नगर कोरबा में छत्तीसगढ़ सुपरस्टार सिंसिंग कान्टेस्ट 2024 कार्यक्रम में शामिल होंगे।
और भी

राज्यपाल श्री रमेन डेका और मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने पूर्व प्रधानमंत्री भारत रत्न स्वर्गीय श्री अटल बिहारी वाजपेयी की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर उन्हें नमन किया

राज्यपाल श्री रमेन डेका और मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय आज अटल बिहारी वाजपेयी विश्वविद्यालय के पंचम दीक्षांत समारोह में शामिल होने बिलासपुर पहुंचे। इस मौके पर राज्यपाल और मुख्यमंत्री ने विश्वविद्यालय परिसर में स्थापित पूर्व प्रधानमंत्री भारत रत्न स्वर्गीय श्री अटल बिहारी वाजपेयी की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की।

इस दौरान प्रथम महिला श्रीमती रानी डेका काकोटी भी मौजूद रहीं।

राज्यपाल श्री डेका और मुख्यमंत्री श्री साय ने विश्वविद्यालय के प्रकल्प ज्ञानपथ, अटल मुक्ताकाशी मंच और अटल सरोवर का लोकार्पण भी किया। राज्यपाल और मुख्यमंत्री ने विश्वविद्यालय परिसर में एक पेड़ मां के नाम अभियान के तहत पौधे लगाये। 

इस अवसर पर केंद्रीय शहरी विकास राज्य मंत्री श्री तोखन साहू, उप मुख्यमंत्री श्री अरूण साव, विधायक श्री धरमलाल कौशिक, श्री अमर अग्रवाल, श्री सुशांत शुक्ला, अटल बिहारी वाजपेयी विश्वविद्यालय के कुलपति श्री ए.डी. एन वाजपेयी सहित बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि, अधिकारी सहित विश्वविद्यालय के छात्र-छात्राएं मौजूद रहे।
और भी

पीएम आवास योजना से भितघरा निवासी सूरज का सपना हो रहा है पूरा- मुख्यमंत्री को दिया धन्यवाद

मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय विशेष पिछड़ी जनजाति पहाड़ी कोरवा जनजातियों को आगे बढ़ाने के लिए सार्थक प्रयास कर रहे हैं। सभी का अपना एक पक्के मकान का सपना होता है और सपना पूरा होते देख मन को बहुत खुशी मिलती है। भारत सरकार द्वारा संचालित प्रधानमंत्री आवास योजना एवं प्रधानमंत्री जनमन आवास के जरिये लोगों का सपना साकार किया जा रहा। ऐसी ही एक कहानी जशपुर जिले के जनपद पंचायत बगीचा के ग्राम पंचायत भितघरा से है। जहां राष्ट्रपति के दत्तक पुत्र कहलाने वाले विशेष पिछड़ी जनजाति पहाड़ी कोरवा सूरज राम का पक्के मकान का सपना पूरा होने जा रहा है। 


भितघरा निवासी सूरज राम ने बताया कि पहले हमर खपरा कर घर रहिस और सूतेक, बैठेक में दिक्कत भी रहिस। उन्होंने बताया कि बगीचा विकासखण्ड के ग्राम भितघरा का रहने वाला हूं। छः महिने पहले प्रधानमंत्री आवास योजना की सूची में मेरा नाम आया और अभी तक 03 किश्त की राशि मिला है। सूरज का पक्का मकान बन रहा है। सूरज ने पक्के मकान का सपना पूरा करने पर मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय को धन्यवाद दिया है।
और भी

बिजली आपूर्ति पुनः बहाल होने से लोगों को मिली राहत

 मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के मंशानुरूप गांव हो या शहर सभी जगह बिजली की आपूर्ति निर्बाध रूप से संचालित हो इसके लिए के विद्युत विभाग के द्वारा नई लाइन बिछाने के साथ ही समस्या आने पर तत्काल ट्रांसफॉर्मर, केबल और ग्रिप चेंज का कार्य किया जा रहा है। इसी कड़ी में कुनकुरी विकासखण्ड के ग्राम हर्राडाँड़ में ट्रांसफार्मर खराब होने की वजह से बिजली आपूर्ति बाधित हो रही थी। इसके समाधान के लिए ग्रामीणों ने मुख्यमंत्री कैंप कार्यालय में आवेदन किया था। कैंप कार्यालय के निर्देश पर तत्काल यहां पर नया ट्रांसफार्मर लगाया गया है, जिससे बिजली आपूर्ति पुनः बहाल हो गई है।

और भी

सड़क किनारे लगे 70 से अधिक अवैध साइन बोर्ड को निगम ने किया जब्त

 सबसे व्यस्त कृष्णा टॉकीज रोड के किनारे बिना अनुमति के लगाए विज्ञापन वाले साइन बोर्ड को जब्त किया गया। लगातार हो रही सड़क दुर्घटनाओं को कम करने निगम आयुक्त मोनिका वर्मा ने उक्त निर्देश दिए है। लगभग 3 घंटो से भी अधिक समय तक चले कार्रवाई में 70 से भी अधिक साइन बोर्ड जब्त किया गया। रिसाली निगम क्षेत्र के सबसे व्यस्त कृष्णा टॉकिज मार्ग के किनारे की खाली जमीन साइन बोर्ड से भर गया था। स्थिति ऐसी थी कि साइन बोर्ड की वजह से दुकान आने वाले ग्राहकों को दुपहिया वाहन को सड़क पर खड़ी कर रहे थे। इस वजह से सड़क दुर्घटना लगातार होने की शिकायत आ रही थी।

आयुक्त के निर्देश पर चली इस कार्रवाही में राजस्व व स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने जेसीबी से 70 साइन बोर्ड को उखाड़कर जब्त किया। दोबारा साइन बोर्ड लगाने पर जुर्माना भी आयुक्त मोनिका वर्मा ने राजस्व विभाग को निर्देश दिए है कि जब्त साइन बोर्ड के स्थान पर अन्य बोर्ड न लग इस बात की अधिकारी निगरानी करे। अगर किसी प्रतिष्ठान का सड़क की जमीन में बिना अनुमति बोर्ड लगा दिखे तो उसे तत्काल जब्त करे। साथ ही जो प्रतिष्ठान साइन बोर्ड लगाया है उससे जुर्माना भी वसूले।

गंदगी मिलने पर 2700 अर्थण्ड

इस दौरान निगम के जन स्वास्थ्य विभाग ने साफ सफाई और गंदगी फैलाने वालों के खिलाफ कार्रवाई की। सड़क पर गंदगी डालने पर लाजवाब जायका वेज बिरयानी सेंटर से 2000 वसूला। इसी तरह बेस्ट प्राइज डेली निड्स और सोमेस डेली निड्स से क्रमश: 500, 200 रूपए की चालानी कार्यवाही की।

 
और भी

सड़े गले खादय पदार्थ विक्रय करने वाले दुकानदारों पर 12800 रू. का चालानी कार्यवाही

 नगर पालिक निगम भिलाई के जोन क्रमांक 01 नेहरू नगर अंतर्गत सिंगल यूज प्लास्टिक रखने वाले, फल विक्रेताओ एवं होटल संचालकों दुकानदारो पर निगम की टीम ने की कार्यवाही। निगम क्षेत्र के वार्ड क्रं. 10 एवं 17 में जोन 01 की टीम द्वारा दुकानो का निरीक्षण करने पहुंची। वहां पर फल ठेला, मिठाई खादय पदार्थ बेचने वालो दुकानो पर जॉच किया गया। दुकानदारो द्वारा नगर निगम की टीम को देखते ही अपनी झिल्ली, पन्नी को छिपाने लगते है और इधर-उधर फेंक देते है। पूछने पे कहते है कि यह आखरी है, अब नहीं रखूगॉ।

निगम की टीम जाते ही फिर से झिल्ली में रखके बेचने लगते है। जॉच में सिगल यूज प्लास्टिक रखने वाले दुकानदारो पर कार्यवाही करते हुए, सड़े गले फल विक्रेता एवं बासी खादय पदार्थ विक्रेताओ से 12800 रूपये का अर्थदण्ड वसूल किया गया। आयुक्त देवेश कुमार धु्रव के निर्देश पर सभी जोन क्षेत्र में सिंगलयूज प्लास्टिक विक्रताओ पर कार्यवाही की जा रही है। सिंगलयूज प्लास्टिक का उपयोग मत करें। सिंगलयूज प्लास्टिक पर्यावरण एवं जानवरो को काफी नुक्सान पहुंचता है।

 

हमारी नालियो को जाम कर देता है, जिससे पानी अवरूद्व हो जाने से मच्छर पनपते है और बिमारियो को बढ़ावा मिलता है। साथ ही आम नगारिको से भी निवेदन किये है, सामग्री लेते समय अपने घरो से झोला या थैला लेकर निकले। अक्सर देखने में आता है, सिंगलयूज प्लास्टिक में गरम गरम सामग्री, चाय इत्यादि लोग पैक कराके ले जाते है। अपने घरो में स्वयं या अपने परिवार के साथ खाते है।

 

वैज्ञानिको के अनुसार सिंगलयूज प्लास्टिक में खादय पदार्थ रखने से प्लास्टिक के कण सामग्री में मिल जाते है जिससे कैंसर एवं अन्य प्रकार के गंभीर बिमारियो को बढ़ावा मिलता है। उपयोग से बचे, सब के सहयोग से ही हम सब अपने स्वास्थ्य को एवं नगर निगम को स्वच्छ साफ-सुथरा रख सकते है। कार्यवाही के दौरान जोन के स्वच्छता निरीक्षक कमलेश द्विवेदी, प्रभारी लिपिक संतोष हरमुख, सहायक राजस्व निरीक्षक शशांक सिंह अपने दल के साथ उपस्थित रहे।

 
और भी

युवक ने अपने बड़े भाई को जिंदा जलाया

  उतई थाना क्षेत्र के ग्राम मर्रा में एक युवक ने अपने बड़े भाई को जिंदा जला दिया। गंभीर हालत में पहले उसे जिला अस्पताल ले जाया गया और वहां से उसे रायपुर रेफर किया गया। रायपुर में इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। इधर इस घटना के बाद उतई पुलिस ने हत्या का मामला दर्ज कर आरोपी  भाई को गिरफ्तार कर लिया है। मर्रा निवासी 27 योगेश यादव का अपने भाई हेमंत यादव 35  से पारिवारिक मतभेद हैं।

मंगलवार की रात को दोनों भाइयों के बीच विवाद हुआ। विवाद इस कदर बढ़ा कि छोटे भाई योगेश ने रात को सोते समय बड़े भाई हेमंत पर पेट्रोल डालकर आग लगा फरार हो गया। घटना के बाद हेमंत बुरी तरह झुलस गया और गंभीर हालत में उसे परिवार वालों ने  जिला अस्पताल लेकर पहुंचे।

जिला अस्पताल से उसे रायपुर डीकेएस अस्पताल रेफर कर दिया गया। अस्पताल में इलाज के दौरान हेमंत की मौत हो गई। घटना की सूचना के बाद उतई पुलिस ने इस मामले में हत्या का मामला दर्ज किया और आरोपी योगेश यादव को गिरफ्तार कर लिया है।

उतई थाना प्रभारी विपिन रंगारी ने बताया कि घटना के पीछे का कारण पारिवारिक विवाद की बात सामने आई है। इससे पहले भी योगेश ने अपने बड़े भाई हेमंत पर हमला करने की कोशिश की थी। फिलहाल आरोपी योगेश यादव को गिरफ्तार कर लिया गया है और पूछताछ जारी है।

 

 

और भी

ट्रायबल म्युजियम छत्तीसगढ़ के जनजातीय गौरव का प्रमुख केन्द्र होगा: मुख्यमंत्री विष्णु देव साय

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने आज नवा रायपुर में आदिम जाति अनुसंधान एवं प्रशिक्षण संस्थान के समीप बन रहे ‘शहीद वीर नारायण सिंह आदिवासी स्वतंत्रता संग्राम सेनानी संग्रहालय‘ का निरीक्षण किया। छत्तीसगढ़ के आदिवासी वीर स्वतंत्रता सेनानियों को समर्पित इस संग्रहालय का निर्माण 45 करोड़ रूपए की लागत से लगभग 10 एकड़ भूमि पर किया जा रहा है। मुख्यमंत्री के साथ आदिम जाति विकास मंत्री रामविचार नेताम भी कार्य की प्रगति देखने पहुंचे। मुख्यमंत्री साय ने संग्रहालय में मूर्तियों, अन्य कलाकृतियों तथा विभिन्न मॉडलों का अवलोकन किया। उन्होंने मूर्तियों का निर्माण कर रहे शिल्पकारों से चर्चा कर उनकी कला के बारे में जानकारी ली। 

मुख्यमंत्री  साय ने इस अवसर पर कहा कि ट्रायबल म्युजियम छत्तीसगढ़ के जनजातीय गौरव का एक प्रमुख केन्द्र बनेगा। छत्तीसगढ़ के आदिवासी स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों के देश प्रेम की भावना, उनके शौर्य पराक्रम और बलिदानों पर केन्द्रित यह संग्रहालय छत्तीसगढ़ की गौरवशाली विरासत को सहेजने का अनुपम प्रयास है। उन्होंने विभागीय अधिकारियों तथा निर्माण एजेंसी के प्रतिनिधियों को संग्रहालय के कार्यों को गुणवत्ता के साथ निर्धारित समय-सीमा में पूर्ण करने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने कहा कि संग्रहालय के माध्यम से हमारी युवा पीढ़ी और आने वाली पीढ़ियों को अपने इतिहास को जानने का मौका मिलेगा। यह संग्रहालय आदिवासी संस्कृति और सभ्यता को जानने मे रूचि रखने वाले लोगों के लिए भी आकर्षण का केन्द्र होगा। यहां छत्तीसगढ़ के प्रथम स्वतंत्रता संग्राम सेनानी शहीद वीर नारायण सिंह सहित राज्य के सभी जनजातीय स्वतंत्रता सेनानियों को और अधिक करीब से जानने का मौका मिलेगा।

आदिम जाति तथा अनुसूचित जाति विकास विभाग के प्रमुख सचिव श्री सोनमणि बोरा ने बताया कि इस संग्रहालय में 15 गैलरियां निर्मित की जारी हैं, जिसमें छत्तीसगढ़ के महत्वपूर्ण जनजातीय स्वतंत्रता संग्राम की घटनाओं- हल्बा विद्रोह, सरगुजा विद्रोह, भोपाल-पट्टनम विद्रोह, परलकोट विद्रोह, लिंगागिरी विद्रोह, कोई विद्रोह, मेरिया विद्रोह, मुरिया विद्रोह, रानी-चो-रिस विद्रोह, भूमकाल विद्रोह, सोनाखान विद्रोह, झण्डा सत्याग्रह, जंगल सत्याग्रह आदि को जीवंत मॉडलों के माध्यम से प्रदर्शित किया जाएगा। संग्रहालय में छत्तीसगढ़ राज्य में रहने वाली जनजातीयों की जीवनशैली, पहनावें, आभूषण, संगीत, वाद्ययंत्र, आखेट में उपयोग किए जाने वाले हथियारों सहित दैनिक जनजीवन में उपयोग की जाने वाली वस्तुओं को उनके वास्तविक परिवेश में प्रदर्शित किया जाएगा। 

इस अवसर पर मुख्यमंत्री के सचिव श्री राहुल भगत, आयुक्त आदिम जाति एवं अनुसूचित जाति विकास विभाग श्री नरेन्द्र कुमार दुग्गा, आदिम जाति अनुसंधान एवं प्रशिक्षण संस्थान के संचालक श्री पी.एस.एल्मा भी उपस्थित थे। 

शहीद वीर नारायण सिंह स्मारक सह जनजातीय स्वतंत्रता सेनानी राज्य संग्रहालय में शहीद वीर नारायण सिंह की फाइबर प्रतिमा, उनका स्मारक, फांसी स्थल, एक छोटी झील और लैंडस्कैप का निर्माण किया जाएगा। संग्रहालय में वीर आदिवासी स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों की मूर्तियां स्थापित की जाएगी। रिसेप्शन, सोविनियर शॉप, फूड कोर्ट, मल्टीमीडिया रूम, शौचालय, पार्किंग जैसी सुविधाएं विकसित की जाएंगी। परिसर की छत पर सोलर सिस्टम लगाया जाएगा तथा संग्रहालय के मुख्य प्रवेश द्वार को सुन्दर जनजातीय आर्ट वर्क से अलंकृत किया जाएगा। इस संग्रहालय में मूर्तियां और कलात्मक जनजातीय कलाकृतियां तैयार करने के लिए क्यूरेटर श्री प्रबल घोष के नेतृत्व में बड़ोदरा, कोलकाता, ओड़िसा, हैदराबाद, दिल्ली, झारखण्ड और बिहार से आये शिल्पकार काम कर रहे हैं। मुख्यमंत्री ने आदिम जाति अनुसंधान एवं प्रशिक्षण संस्थान में लाईब्रेरी, छत्तीसगढ़ के जनजातीय स्वतंत्रता संग्राम की महत्वपूर्ण घटनाओं के मॉडलों का अवलोकन भी किया। लाईब्रेरी के अवलोकन के दौरान आदिम जाति विकास मंत्री श्री रामविचार नेताम ने छत्तीसगढ़ जनजातीय लोक वा़द्य संस्कृति पर केन्द्रित पुस्तक ‘आदि नाद‘ में छपे क्यूआर कोड को मोबाइल से स्कैन किया। स्कैन करने पर वाद्ययंत्र की धुन सुनाई देती है।
और भी

मुख्यमंत्री के गृह क्षेत्र का होगा कायाकल्प 32 करोड़ की लागत से बनेगा अस्पताल-टेन्डर जारी

मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की पहल पर कुनकुरी में प्रस्तावित 220 बिस्तर की क्षमता वाले अत्याधुनिक अस्पताल के भवन निर्माण के लिए राज्य सरकार ने निविदा जारी कर दिया है। इस अस्पताल के लिए राज्य सरकार ने 32 करोड़ 9 लाख रूपये की राशि स्वीकृत की है। उल्लेखनिय है राज्य की विष्णुदेव साय सरकार ने अपने बजट में कुनकुरी में 220 बिस्तर की क्षमता वाली अत्याधुनिक अस्पताल निर्माण की घोषणा की थी। इस बजट में अस्ताल भवन निर्माण के लिए आवश्यक राशि की स्वीकृति भी सरकार ने प्रावधान कर दिया था। आदिवासी बाहुल्य जशपुर जिले के लिए इस अस्पताल को मील का पत्थर माना जा रहा है। 

सरकार की मंशा आगे चल कर,इसे मेडिकल कालेज के रूप में विकसीत करने की है। जानकारी के लिए बता दें कि बीते वर्ष दिसंबर माह में राज्य की बागडोर सम्हालने के बाद मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय जशपुर सहित पूरे प्रदेश में स्वास्थ्य सेवा के विस्तार और इसमें गुणात्मक सुधार के लिए लगातार कार्य कर रहें हैं। उन्होनें शपथ ग्रहण करने के तत्काल बाद प्रदेश में एंबुलेंस सेवा में सुधार के लिए जिम्मेदार अधिकारियोें को सख्त निर्देश दिया था। इस निर्देश में जरूरतमंदों से काल प्राप्त होने के आधा घंटे के अंदर मरीज को एंबुलेंस सुविधा उपलब्ध कराने को कहा गया था। 

केबिनेट की पहली बैठक में मुख्यमंत्री ने प्रदेश के सभी सरकारी चिकित्सालयों में मरीजों के लिए सस्ती जेनरीक दवाओं को अनिवार्य रूप से उपलब्ध कराने का निर्देश स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को दिया था। बीते 8 माह के कार्यकाल के दौरान जशपुर जिले में स्वास्थ्य सेवा के विस्तार के लिए तेजी से काम हुआ है। कुनकुरी में 220 बिस्तर के अस्पताल के साथ ही मरीजों की सुविधा के लिए 25 अतिरिक्त एंबुलेंस और 1 शव वाहन की सुविधा उपलब्ध कराई गई है। 7 उप स्वास्थ्य केन्द्र को प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र का दर्जा देते हुए,आवश्यक मानव संसाधन को स्वीकृति दी जा चुकी है। 

जिले में 19 एमबीबीएस चिकित्सक और 7 विशेषज्ञ चिकित्सकों की पदस्थापना कर,चिकित्सकों की कमी को दूर करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाया गया है। अस्पतालों में मशीनों की कमी को दूर करने के लिए 2 करोड़ 32 लाख की स्वीकृति राज्य सरकार ने दी है। इस राशि से कुनकुरी में डायलिसिस केन्द्र शुरू करने के साथ ही जशपुर,मनोरा,लोदाम,बगीचा के अस्पतालो में आवश्यक उपकरणो की खरीदी में किया जाएगा। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की मंशा जशपुर जिले को स्वास्थ्य सेवा कर क्षेत्र में आत्म निर्भर बनाना है ताकि मरीज और  उनके परिजनों को  भटकना  ना  पड़े।
और भी

गुरुकुल के विद्यार्थियों का जूनियर बेसबॉल में राष्ट्रीय स्तर पर चयन

  छत्तीसगढ़ अमेचर बेसबॉल संघ की ओर से बिलासपुर में 25 अगस्त को बालक व बालिका जुनियर बेसबॉल राज्य स्तरीय प्रतियोगिता का आयोजन हुआ। इस प्रतियोगिता में गुरूकुल पब्लिक स्कूल के बालक व बालिका दोनों वर्गों की टीम ने हिस्सा लिया। बालक टीम ने सिल्वर मेडल और बालिका टीम ने ब्रांज मेडल जीता। इस प्रतियोगिता में गुरूकुल के विद्यार्थी कुलेश्वर ध्रुव, सरला सिंह, डिगेश्वरी दिवान, निशा, गायत्री का शानदार प्रदर्शन रहा। चयनित खिलाड़ी गायत्री कलमू पंजाब के संगरूर जिले में 2 से 6 अक्टूबर 2024 तक होने वाले राष्ट्रीय स्तर पर जुनियर बेसबॉल प्रतियोगिता में शामिल होगें। संस्था के समस्त पदाधिकारीगण व प्रभारी प्राचार्य, प्रशासक ने छात्रों को जुनियर बेसबॉल राष्ट्र स्तरीय प्रतियोगिता में चयन होने पर हार्दिक शुभकामनाएँ दी।

 

 

और भी

लकड़ी ले कर जा रहे थे तस्कर, पलट गया ट्रैक्टर...

  गौरेला-पेंड्रा-मरवाही जिले में खम्हार की लकड़ियों से भरी ट्रैक्टर-ट्राली पलट गई। यह हादसा बुधवार की देर रात हुआ है। बताया जा रहा है कि टायर फटने की वजह से गाड़ी अनियंत्रित हो गई। बताया जा रहा है कि, लकड़ी का परिवहन अवैध रूप से किया जा रहा था।


मिली जानकारी के अनुसार, बैकुंठपुर-जरौंधा गांव की ओर से लकड़ियों से भरा ट्रैक्टर पेंड्रा की ओर जा रहा था। इसी दौरान मगुरदा गांव में कबाड़ गोदाम के पास ट्राली पलट गई। ट्राली में 8 नग कच्ची और मोटी लकड़ियों समेत पेड़ के अन्य हिस्से भरे थे।



हादसे के बाद लकड़ियों से भरी ट्रॉली को छोड़कर चालक ट्रैक्टर लेकर भाग निकला। जानकारों के मुताबिक यही रास्ता क्षेत्र में लकड़ी तस्करी के लिए इस्तेमाल किया जाता है। जानकारी मिलने के बाद डीएफओ के निर्देश पर वन विभाग की टीम जांच में जुट गई है।

 

 

 
और भी

कोसाफल उत्पादन कर स्व-सहायता समूह कमा रहा 70 से 75 हजार

 जहाँं चाह - वहाँ राह इस उक्ती को चरितार्थ कर दिखाया है जांजगीर चांपा जिले के ग्राम बुंदेला के स्व-सहायता समूह ने, इस समूह के सदस्यों को प्रतिवर्ष 70 से 75 हजार रूपए का मुनाफा होने लगा है। महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना और रेशम विभाग से हुए 41 हजार अर्जुन के पौधरोपण से पर्यावरण हरा-भरा हो रहा है, तो वहीं दूसरी ओर इन पौधारोपण से स्व सहायता समूह आजीविका के साथ आय अर्जित कर वृद्धि करते हुए हुए समृद्धि की ओर बढ़ रहा है। यह समृद्धि जिला मुख्यालय जांजगीर चांपा से 40 किलोमीटर दूर पामगढ़ विकासखंड के गाँव बुंदेला में देखने को मिल रही है। यहाँ करीब चार साल पहले महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना और रेशम विभाग के अभिसरण के साथ से अर्जुन (कौहा) के पौधे रोपे गए थे। रोपण के बाद, पौधे बढ़े होने लगे तो इनमें कोसाफल उत्पादन का कार्य शुरु किया गया और कोसा कृमिपालन करते हुए स्व-सहायता समूह के सदस्यों को प्रतिवर्ष 70 से 75 हजार रूपए का मुनाफा होने लगा।


जांजगीर-चांपा के विकासखण्ड पामगढ़ के बुंदेला ग्राम पंचायत है। यहाँ लगभग 10 हेक्टेयर की शासकीय भूमि अनुपयोगी एवं खाली पड़ी थी। जिस पर अवैध रूप से कब्जा बना हुआ था, इस जमीन पर कब्जाधारियों से मुक्त कराकर ग्राम पंचायत के सहयोग से इस भूमि का उपयोग गाँव की महिलाओं की आजीविका की समृद्धि के लिए शुरू करने की योजना बनाई गई। रेशम विभाग द्वारा इस जमीन पर अर्जुन का पौधरोपण करने का प्लान तैयार किया गया। और वर्ष 2018 में रेशम विभाग और महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना (महात्मा गांधी नरेगा) से 4 साल की कार्ययोजना तैयार करते हुए 41 हजार पौधे रोपने का लक्ष्य रखा गया। इसके लिए मनरेगा से पौधरोपण व जल संरक्षण एवं संचय के रूप में  प्रशासकीय स्वीकृति 14.188 लाख रूपए दिए गए। पौधरोपण के कार्य में महात्मा गांधी नरेगा के माध्यम से जॉबकार्डधारी परिवारों ने काम करते हुए और रेशम विभाग के तकनीकी मार्गदर्शन ने कार्य को बेहतर बनाया और चार साल की इस परियोजना की शुरूआत की गई। इसमें पहले साल 40 हजार पौधे रोपे गए जिसमें गाँव के मनरेगा श्रमिकों को 918 मानव दिवस का सीधा रोजगार मिला था और मजदूरी भी मिली। उपसंचालक रेशम मनीष पंवार ने बताया कि 2018 में अर्जुन के पौधों का रोपण वैज्ञानिक पद्धति से किया गया था। इसके लिए सभी पौधों को कतार से कतार में पौधे से पौधे में निर्धारित दूरी पर रोपा गया था, ताकि ये अच्छी तरह से बड़े हो सके। वर्तमान में इनकी लंबाई 6 से 7 फीट तक हो चुकी है। यहाँ कोसाफल का उत्पादन का कार्य गांव के ग्रामीणों ने कोसा कृमिपालन स्व-सहायता समूह बनाकर कार्य करना शुरू किया और रेशम विभाग द्वारा समूह को प्रशिक्षण भी दिया गया है और नियमित अंतराल पर तकनीकी मार्गदर्शन भी दिया जा रहा है। चार साल में पौधरोपण और उनके संधारण का कार्य करते हुए मनरेगा के श्रमिकों को 3 हजार 429 मानव दिवस सृजित भी हुआ।



समूह के मनोज साहू का कहना हैं कि खेती-किसानी के साथ ही इस कार्य को करने से अतिरिक्त आमदनी हो रही है। गांव में युवाओं, महिलाओं को रोजगार भी मिल रहा है। इस कार्य में श्रीमती अन्नपूर्णा साहू, श्रीमती नम्रता साहू, सुरेन्द्र कुमार साहू, सोनसाय साहू, सतीश निर्मलकर कार्य करते हुए आमदनी प्राप्त कर रहे हैं। इस वर्ष 25 हजार कोसाफल के उत्पादन संभावित है। जिसे स्थानीय एवं चांपा के कोसा कपड़ा व्यवसाय करने वालों को बेचकर मुनाफा अर्जित करंेगे। इसके पूर्व के वर्ष में भी समूह को 70 से 75 हजार रूपए की आमदानी हो रही है।

 

 

 
और भी

सीएम साय की बड़ी घोषणा : ओलंपिक में स्वर्ण पदक विजेताओं को मिलेंगे 3 करोड़

 मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने गुरुवार को राज्य खेल अलंकरण समारोह में एक महत्वपूर्ण घोषणा करते हुए कहा कि ओलंपिक खेलों में छत्तीसगढ़ के खिलाड़ियों द्वारा जीते गए पदकों के लिए बड़ी राशि पुरस्कार स्वरूप प्रदान की जाएगी। स्वर्ण पदक विजेताओं को 3 करोड़ रुपये, रजत पदक विजेताओं को 2 करोड़ रुपये, और कांस्य पदक विजेताओं को 1 करोड़ रुपये की पुरस्कार राशि दी जाएगी।

खेल अलंकरण समारोह: खिलाड़ियों के सम्मान की परंपरा
समारोह को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि पिछले पांच सालों में राज्य में खेल अलंकरण समारोह आयोजित नहीं हो सका था। खिलाड़ियों की इस पीड़ा को समझते हुए वर्तमान सरकार ने इस समारोह को पुनः आयोजित करने का निर्णय लिया। इस वर्ष दो बार खेल अलंकरण समारोह आयोजित किए गए हैं। पहला समारोह 14 अगस्त को हुआ, जिसमें 2019-20 और 2020-21 के 133 खिलाड़ियों को 1 करोड़ 41 लाख रुपये की पुरस्कार राशि से सम्मानित किया गया।

राष्ट्रीय खेल दिवस पर विशेष सम्मान
आज राष्ट्रीय खेल दिवस के अवसर पर 2021-22 और 2022-23 के खिलाड़ियों को राज्य खेल अलंकरण से सम्मानित किया गया। साथ ही राष्ट्रीय चैम्पियनशिप के विजेताओं को भी इस समारोह में सम्मानित किया गया। कुल 1 करोड़ 36 लाख रुपये की पुरस्कार राशि खिलाड़ियों को प्रदान की गई।

छत्तीसगढ़ में खेलों का भविष्य
मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में छत्तीसगढ़ में खेल प्रतिभाओं को आगे बढ़ाने के लिए सरकार की प्रतिबद्धता जताई। उन्होंने कहा, "हम अच्छी अधोसंरचना और प्रशिक्षण के माध्यम से खेल प्रतिभाओं को निखारेंगे ताकि हमारे खिलाड़ी अंतरराष्ट्रीय स्तर पर और भी बेहतरीन प्रदर्शन कर छत्तीसगढ़ का नाम रोशन करें।"

लक्ष्मी बाई राष्ट्रीय शारीरिक शिक्षा संस्थान और क्रीड़ा प्रोत्साहन योजना


मुख्यमंत्री ने रायपुर में लक्ष्मी बाई राष्ट्रीय शारीरिक शिक्षा संस्थान का ऑफ सेंटर शुरू करने की भी घोषणा की, जिसे प्रदेश के खेल क्षेत्र में बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है। साथ ही, राज्य सरकार ने छत्तीसगढ़ ‘‘क्रीड़ा प्रोत्साहन योजना‘‘ शुरू करने का निर्णय लिया है। इस योजना के अंतर्गत खेल मैदानों का उन्नयन, खिलाड़ियों के लिए उच्च स्तरीय खेल उपकरणों की व्यवस्था, खेल प्रतिभाओं की खोज, खेल क्लबों को आर्थिक सहायता, और पारंपरिक खेल प्रतियोगिताओं का आयोजन किया जाएगा।



इस समारोह और सरकार की नई योजनाओं के माध्यम से छत्तीसगढ़ के खेल क्षेत्र में एक नया अध्याय जुड़ने की उम्मीद है, जिससे राज्य के खिलाड़ी अंतरराष्ट्रीय मंच पर और भी चमक बिखेर सकें।

और भी

मुठभेड़ में 3 महिला नक्सली ढेर, हथियार बरामद...

  नारायणपुर-कांकेर सीमा पर गुरुवार को पुलिस-नक्सली मुठभेड़ में तीन महिला माओवादी मारी गई है। वर्दीधारी तीनों महिला माओवादियों का शव सुरक्षाबलों ने बरामद किया है। इसके साथ ही मौके से भारी मात्रा में हथियार सहित नक्सली सामग्री भी बरामद की है।

नारायणपुर-कांकेर सीमा पर मांड के क्षेत्र में माओवादियों की उपस्थिति की सूचना प्राप्त होने पर सर्चिंग अभियान पर संयुक्त पुलिस पार्टी गई थी। इस दौरान घात लगाए नक्सलियों ने सुरक्षा बल के जवानों पर फायरिंग शुरू कर दी। इस दौरान सुरक्षा बलों के द्वारा भी जवाबी कार्रवाई की गई।

आज सुबह 8 बजे से लगातार पुलिस पार्टी और नक्सलियों के बीच मुठभेड़ जारी थी। लगातार रुक-रुक कर फायरिंग चल रही थी। जवानों को भारी पड़ता देख नक्सली पीछे हट गए।



इसके बाद मौके पर सर्च अभियान चलाने पर तीन वर्दी धारी और हथियारबंद महिला नक्सलियों के शव बरामद हुए हैं। इसके अलावा मौके से भारी मात्रा में हथियार सहित नक्सली सामग्री भी बरामद किया गया है। पुलिस द्वारा जारी विज्ञप्ति के अनुसार डीआरजी,एसटीएफ और बीएसएफ की संयुक्त टीम नक्सल विरोधी गश्त सर्च पर निकली थी। ऑपरेशन में सभी जवान सुरक्षित है।

 
और भी